पक्षपात
जब होता है समुद्र मंथन
तो दानव और देवता गण
करते है बराबर की मेहनत
पर जब निकलता है अमृत
तो विष्णु भगवान,मोहिनी रूप धर
सिर्फ देवताओं को अमृत बाँट कर
स्पष्ट ,करते पक्षपात है
बरसों से चली आ रही ये बात है
जो सत्ता में है,राज्य करते है
अपने अपनों का घर भरते है
अपनों को ही ठेका और प्रमोशन
टू जी ,या कोल ब्लोक का आबंटन
देकर परंपरा निभा रहे है
तो लोग क्यों हल्ला मचा रहे है ?
घोटू
809. तो मिले उपहार (5 ताँका)
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तो मिले उपहार
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1.
राखी-त्योहार
भाई है शर्मसार
जेब है ख़ाली
कैसे ले उपहार
मँहगाई की मार।
2.
राखी है आई
भाई है परदेस
बहना दुःखी
वीडियो-कॉल आया
ब...
2 दिन पहले
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