पक्षपात
जब होता है समुद्र मंथन
तो दानव और देवता गण
करते है बराबर की मेहनत
पर जब निकलता है अमृत
तो विष्णु भगवान,मोहिनी रूप धर
सिर्फ देवताओं को अमृत बाँट कर
स्पष्ट ,करते पक्षपात है
बरसों से चली आ रही ये बात है
जो सत्ता में है,राज्य करते है
अपने अपनों का घर भरते है
अपनों को ही ठेका और प्रमोशन
टू जी ,या कोल ब्लोक का आबंटन
देकर परंपरा निभा रहे है
तो लोग क्यों हल्ला मचा रहे है ?
घोटू
चिड़ पिड़ चूँ चूँ
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राजकीय पुस्तकालय, वाराणसी में वरिष्ठ साहित्यकारों के कर कमलों द्वारा बसंत
पंचमी के दिन हुआ पुस्तक 'चिड़-पिड़ चूँ-चूँ' का भव्य विमोचन।
हि...
4 घंटे पहले
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