पते की बात
धीरज
बारिश आई और आपने छतरी तानी
आप न भीगे ,रहे बरसता ,कितना पानी
तंग आपदाएं करती ,जीवन में आकर
धीरज की छतरी रखती है तुम्हे बचाकर
घोटू
ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग सात (07)
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ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग सात (07)भाग 7 प्रियंका "श्रेया कैसी है?" ईशानी
ने फोन पर पूछा, जब मैं मेहमानों के सो जाने के बाद सुबह के लिए आटा गूंथ रही
थी। ...
4 घंटे पहले
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