पते की बात
अचरज
नहीं खबर है अगले पल की
पर डूबे , चिंता में,कल की
भाग दौड़ कर ,कमा रहे है
यूं ही जीवन ,गमा रहे है
जब कि पता ना,कल क्या होगा
इससे बढ़,अचरज क्या होगा
घोटू
ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग सात (07)
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ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग सात (07)भाग 7 प्रियंका "श्रेया कैसी है?" ईशानी
ने फोन पर पूछा, जब मैं मेहमानों के सो जाने के बाद सुबह के लिए आटा गूंथ रही
थी। ...
4 घंटे पहले
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