पते की बात
साहस
मै बड़ा दुस्साहसी था,चला दुनिया बदलने
जब समझ आई तो अब मै ,लगा खुद को बदलने
घोटू
किसी दिन....
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1. *जो कभी भूल जाऊँ मैं-*
भूलते - भूलते
अगर कभी तुम्हें भूल जाऊँ मैं
उस समय को उस पल को दोष नहीं देना
जब पहली बार मिले थे हम तुम!
चाय के उन दो कपों ...
21 घंटे पहले
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