संकल्प
बहुत कुछ दिया धरती माँ ने,
बदले में हम क्या देते है
बढ़ा रहे है सिर्फ प्रदूषण,
और कचरा फैला देते है
जग हो जगमग,स्वच्छ ,सुगन्धित,
एसे दीप जलाएं हम सब,
पर्यावरण सुधारेंगे हम,
ये संकल्प आज लेते है
मदन मोहन बाहेती'घोटू'
ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग अट्ठाईस (28)
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ज़िंदगी अधूरी तेरे बिन - भाग अट्ठाईस (28)भाग 28 अंशुमन श्रेया दीपावली के
दिन बरामदे में बैठना चाहती थी। मौसम साफ और ठंडा था। सूरज चमक रहा था, आसमान
नीला था...
12 घंटे पहले
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