कंसल्टंट(consultant )
जिंदगी की राह में कुछ लोग,
जब मुश्किलों से घिर जाते है
ठोकर खाते है और गिर जाते है
और फिर उठ कर जब खड़े होते है
उनके पास अनुभव बड़े होते है
मैदाने जंग में गिरने वाले शहसवार
जब फिर से होते है घोड़े पर सवार
अनुभवों की धूल से सन जाते है
और कुछ बने न बने,
कंसल्टंट जरूर बन जाते है
मदन मोहन बाहेती'घोटू'
भुला दिया है
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भुला दिया है देह एक नाव है मुझ नदी में तैरती हुई जो अनंत काल से, अनंत देश
के पार बह रही है मैं नाव नहीं हूँ, नदी हूँ, पर यह भुला दिया है ! देह एक
घर है म...
10 घंटे पहले